‘ऐ वतन तेरे लिए’ काव्य गोष्ठी एवं स्वास्थ्य चर्चा का आयोजन।

सुनितात्रिपाठी’अजय। इंडिया जागरण टुडे संवाद।
जयपुर। स्वयंसिद्धा साहित्यिक समूह एवं इटर्नल हॉस्पिटल के संयुक्त तत्वावधान में ‘ऐ वतन तेरे लिए’ शीर्षक से भावपूर्ण काव्य गोष्ठी एवं स्वास्थ्य चर्चा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का केंद्र ‘साठ के ठाठ’ रहा, जिसमें वरिष्ठजनों के सम्मान, स्वास्थ्य और बेहतर जीवनशैली के प्रति जागरूकता का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ अनुराधा माथुर द्वारा सरस्वती वंदना से हुआ। उन्होंने सावन गीत भी प्रस्तुत किया। संस्था की संस्थापक अध्यक्ष ज्ञानवती जी ने संस्था की गतिविधियों एवं उद्देश्यों की जानकारी दी तथा अमर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की। संरक्षिका प्रो. कुसुम जी ने युवाओं को संवेदना, करुणा और सामाजिक जागरूकता का संदेश दिया।
मुख्य अतिथि जगदीश मोहन रावत ने कविता की सामाजिक सार्थकता पर प्रकाश डाला, वहीं अध्यक्षता कर रहे वरुण चतुर्वेदी ने राष्ट्रीय एकता एवं सद्भावना का संदेश दिया। मंच संचालन सलोनी क्षितिज ने प्रभावी ढंग से किया।
काव्य गोष्ठी में प्रियंका पुरोहित, वंदना सक्सेना, अर्चना निगम, सत्यनारायण जी, सोहन प्रकाश, गोपाल जी, आशा भगेरिया, ज्योत्सना सक्सेना, नीता भारद्वाज, रेखा गुप्ता, राजेश आचार्य, बीनू शर्मा, रमेश जी, एम.एल. शर्मा, शकुंतला शर्मा, सावित्री रायजादा, पूजा उपाध्याय सहित अनेक रचनाकारों ने देशभक्ति, संस्कृति, सावन और सामाजिक चेतना से जुड़ी रचनाएँ प्रस्तुत कीं।
दिल्ली से पधारीं ख्यातनाम कवयित्री शहनाज़ हिंदुस्तानी की शहीद पत्नी और तिरंगे की भावनाओं को अभिव्यक्त करती मार्मिक रचना ने श्रोताओं को भावविभोर कर दिया। राव शिवराज की भावपूर्ण प्रस्तुति ने भी खूब दाद बटोरी।
स्वास्थ्य चर्चा में डॉ. राहुल ने ‘गोल्डन इयर्स, गोल्डन हेल्थ’ विषय पर वरिष्ठजनों के स्वास्थ्य, जीवनशैली और देखभाल से जुड़े महत्वपूर्ण सुझाव दिए। कार्यक्रम के अंत में इंद्र भंसाली ने आभार व्यक्त किया। सामूहिक राष्ट्रगान एवं ‘भारत माता की जय’ के उद्घोष के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ, जिसके बाद सहभोज का आयोजन किया गया।
आयोजन ने देशभक्ति, साहित्य और सामाजिक सरोकार को एक मंच पर जोड़ते हुए उपस्थित साहित्यकारों एवं श्रोताओं के बीच विशेष प्रभाव छोड़ा।




