बदलापुर विधानसभा में जन गण विश्वास पदयात्रा ने रचा इतिहास, यह यात्रा नहीं, आंदोलन है : बाबा दुबे

जौनपुर। बदलापुर विधानसभा के प्रथम विधायक ओमप्रकाश दुबे, जिन्हें लोग बाबा दुबे के नाम से जानते हैं, इन दिनों जन गण विश्वास पदयात्रा कर रहे हैं। 4 अगस्त 2026 को करशूलनाथ धाम से शुरू की गई यात्रा धीरे-धीरे ऐतिहासिक यात्रा के रूप में तब्दील होती जा रही है। अब तक बाबा दुबे ने 400 से अधिक किलोमीटर की जन गण विश्वास पदयात्रा की है। आजादी के बाद से देश का शायद ही किसी विधायक या सांसद ने इस तरह की पदयात्रा की हो। विधानसभा के 250 गांवों में रहने वाले हर व्यक्ति तक पहुंचाने की यह अद्भुत यात्रा है। 3000 किलोमीटर से अधिक की पदयात्रा का लक्ष्य लेकर बाबा दुबे लोगों के बीच पहुंच रहे हैं। क्या अमीर क्या गरीब, क्या अगड़ा क्या पिछड़ा, हर दरवाजे तक पहुंचाना,उनकी समस्याओं को जानना और यथासंभव समस्याओं का निराकरण करना बाबा दुबे की प्राथमिकता है।
अब तक उन्होंने 45 गांव के लोगों से व्यक्तिगत मुलाकात की है। हर लोगों के दुख दर्द और समस्याओं को करीब से जाना है। बाबा दुबे की माने तो अब उनके और ग्राम वासियों के बीच कोई तीसरा व्यक्ति नजर नहीं आएगा। उन्होंने सभी लोगों को अपने घर आने का भी निमंत्रण दिया है। बाबा दुबे की माने तो यह यात्रा अब आंदोलन का स्वरूप ले चुकी है। बदलापुर विधानसभा को भ्रष्टाचार और झूठे वादों से मुक्त करने का आंदोलन। लोगों को यकीन हो गया है कि बदलापुर का विकास बदलापुर का बेटा ही कर सकता है। उन्होंने कहा कि इस यात्रा के दौरान उन्होंने पाया कि विधानसभा में रहने वाले हजारों लोग ऐसे भी हैं, जिन्हें सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं मिला है। उनकी समस्याओं के निराकरण का कोई प्रयास नहीं किया गया। उन्होंने कहा कि यह यात्रा उनके व्यक्तिगत यात्रा है, जिससे उनके और जनता के बीच एक मजबूत सेतु का निर्माण हो रहा है। यह पदयात्रा अन्य पदयात्राओं से इसलिए भी भिन्न है क्योंकि यह यात्रा गली-गली, पगडंडी और खेतों की मेड़ों पर से हो रही है। प्रतिदिन सुबह 10 बजे से स्वरूप पदयात्रा देर शाम तक लगातार चलती रहती है।
इस पदयात्रा ने साबित कर दिया है कि बाबा दुबे ने थके हैं, न रुके हैं, बल्कि लगातार आगे बढ़ रहे हैं।




