समर्थ ज्ञान धारा फाउंडेशन के स्थापना महोत्सव में तीन काव्य कृतियों का होगा लोकार्पण।

सुनिता त्रिपाठी ‘अजय’। इंडिया जागरण टुडे संवाद
जयपुर। साहित्य, संस्कृति और सामाजिक चेतना के क्षेत्र में सक्रिय समर्थ ज्ञान धारा फाउंडेशन, जयपुर का स्थापना महोत्सव 30 अगस्त को होटल ग्रैंड सफारी में आयोजित किया जाएगा। समारोह में साहित्यिक विमर्श के साथ तीन महत्वपूर्ण काव्य कृतियों का लोकार्पण किया जाएगा। आयोजन में साहित्य, संस्कृति और सामाजिक सरोकारों से जुड़े साहित्यकारों, बुद्धिजीवियों एवं प्रबुद्धजनों की सहभागिता रहेगी।
स्थापना महोत्सव के अवसर पर साझा काव्य संकलन ‘धीरा रू साहस भरी उड़ान’, फाउंडेशन की निदेशक डॉ. बबीता वर्मा की एकल काव्य कृति ‘मन के झरोखे से’ तथा फाउंडेशन की संस्थापिका-अध्यक्ष हिमाद्री ‘समर्थ’ की स्वलिखित कृति ‘अभिसार रू अहसासों की महक’ का अतिथियों द्वारा लोकार्पण किया जाएगा। साझा काव्य संकलन ‘धीरा रू साहस भरी उड़ान’ का संपादन डॉ. बबीता वर्मा एवं हिमाद्री ‘समर्थ’ ने संयुक्त रूप से किया है।
समारोह के मुख्य अतिथि वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. सत्यनारायण हौंग होंगे, जबकि वरिष्ठ साहित्यकार एवं पत्रकार हरीश बी. शर्मा कार्यक्रम की अध्यक्षता करेंगे। आकाशवाणी की पूर्व कार्यक्रम प्रमुख श्रीमती रेशमा खान विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगी। कार्यक्रम का संचालन डॉ. पुनीता एवं सलोनी क्षितिज द्वारा किया जाएगा।
फाउंडेशन की संस्थापिका-अध्यक्ष हिमाद्री ‘समर्थ’ ने बताया कि स्थापना महोत्सव संस्था की एक वर्ष की यात्रा का उत्सव मात्र नहीं है, बल्कि साहित्य, सृजन और सामाजिक चेतना को केंद्र में रखकर भविष्य की रचनात्मक दिशा तय करने का अवसर भी है। उन्होंने कहा कि तीनों काव्य कृतियों के माध्यम से रचनाकारों की संवेदनाओं, अनुभवों और विचारों को व्यापक साहित्यिक मंच प्रदान करने का प्रयास किया गया है।साहित्यिक विमर्श में जुटेंगे साहित्यकार, बुद्धिजीवी एवं प्रबुद्धजन
समारोह को लेकर साहित्यिक एवं सांस्कृतिक जगत में उत्साह का माहौल है। आयोजकों का मानना है कि स्थापना महोत्सव जयपुर की समृद्ध साहित्यिक परंपरा को नई ऊर्जा देने के साथ-साथ साहित्य और सामाजिक सरोकारों के बीच संवाद को भी और मजबूत करेगा।




