संस्कृति चिल्ड्रन्स एकेडमी में श्रीराम के आदर्शों पर प्रेरक संवाद, विद्यार्थियों में संस्कार जागरण का संकल्प

जयपुर। संस्कृति चिल्ड्रन्स एकेडमी में वरिष्ठ समाजसेवी नगेन्द्र वशिष्ठ, शिक्षाविद् कन्हैया लाल लखवानी , समाजसेवी लोकचंद हरिरामानी, शंकर शर्मा एवं अन्य गणमान्य अतिथियों का स्नेहिल आगमन हुआ। इस अवसर पर “अनुकरणीय आदर्श प्रभु श्रीराम : हिन्दी-अंग्रेजी संवाद” पुस्तक पर सारगर्भित चर्चा आयोजित की गई।चर्चा के दौरान नगेन्द्र वशिष्ठ एवं कन्हैया लाल लखवानी ने कहा कि वर्तमान समय में विद्यार्थियों को प्रभु श्रीराम के आदर्शों, भारतीय संस्कृति, नैतिक मूल्यों एवं चरित्र निर्माण से जोड़ना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि संस्कृति चिल्ड्रन्स एकेडमी इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।विद्यालय के सचिव आयुष शर्मा ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि विद्यालय का उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करना नहीं, बल्कि उन्हें संस्कारित, राष्ट्रनिष्ठ एवं चरित्रवान नागरिक बनाना भी है। उन्होंने कहा कि “अनुकरणीय आदर्श प्रभु श्रीराम : हिन्दी-अंग्रेजी संवाद” पुस्तक में निहित प्रेरणादायी विचारों को विद्यालय की प्रार्थना सभाओं, गतिविधियों एवं विशेष संवाद कार्यक्रमों के माध्यम से विद्यार्थियों तक पहुँचाया जाएगा, ताकि भारतीय संस्कृति एवं जीवन मूल्यों की मजबूत नींव तैयार हो सके। इस अवसर पर आयुष शर्मा ने सभी अतिथियों का अभिनंदन करते हुए विद्यालय की ओर से ‘पक्षी घर’ भेंट किए। उन्होंने कहा कि यह उपहार पर्यावरण संरक्षण, पक्षी संवर्धन एवं प्रकृति के प्रति हमारी सामाजिक जिम्मेदारी का प्रतीक है। कार्यक्रम के अंत में सभी अतिथियों ने विद्यालय के संस्कार आधारित शैक्षणिक प्रयासों की सराहना की तथा विद्यालय परिवार को शुभकामनाएँ एवं अपना आशीर्वाद प्रदान किया।




