संत निरंकारी मिशन उदयपुर में विशेष सत्संग का आयोजन

नानालाल आचार्य
इंडिया जागरण टुडे
उदयपुर। संत निरंकारी मिशन की उदयपुर शाखा के चित्रकूट नगर स्थित सत्संग भवन में सोमवार को आदरणीय एच.एस. चावला की उपस्थिति में विशेष सत्संग का आयोजन किया गया। इस अवसर पर सैकड़ों निरंकारी भक्तों एवं श्रद्धालुओं ने सत्संग का लाभ प्राप्त किया।
सत्संग को संबोधित करते हुए उन्होनें परमात्मा एवं ब्रह्मज्ञान को जीवन का आधार बनाकर सेवा, सुमिरन और सत्संग को अपनाने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि लोक सुखी, परलोक सुहैला करने का एक ही उपाय है ब्रह्मज्ञान को प्राप्त करना, इसकी संभाल करना और इस पर चलना। उन्होंने कहा कि सतगुरु द्वारा प्रदान किए गए ब्रह्मज्ञान से मनुष्य के जीवन में सुख एवं आनंद की अनुभूति होती है और मोक्ष की प्राप्ति का मार्ग भी प्रशस्त होता है। संसार में चाहे कोई कितना भी बड़ा पद या वैभव प्राप्त कर ले, जीवन में सुख-दुख आते रहते हैं। लेकिन जो मनुष्य परमात्मा के निराकार स्वरूप को जान लेता है, वह सुख-दुख से ऊपर उठकर जीवन जीने की कला सीख जाता है और हर परिस्थिति में आनंद का अनुभव करता है। एच.एस. चावला ने कहा कि वर्तमान समय के सतगुरु ब्रह्मज्ञान प्रदान कर मनुष्य को निराकार परमात्मा से जोड़ रहे हैं। इसलिए समय रहते इस अवसर का लाभ उठाना चाहिए, ताकि लोक भी सुखी हो और परलोक भी सुहैला बने। उन्होंने कहा कि जब मनुष्य प्रभु परमात्मा की उपासना करता है तो प्रभुता उसके पीछे-पीछे आती है।
उन्होंने सत्संग की महिमा का वर्णन करते हुए कहा कि सत्संग में आने से मनुष्य के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन आता है। सत्संग पवित्र गंगा के समान है, जहां आने से मनुष्य के भीतर प्रेम, विनम्रता, सहिष्णुता और विशालता जैसे गुणों का विकास होता है। सत्संग के माध्यम से जीवन को सही दिशा मिलती है और मनुष्य अपने वास्तविक आध्यात्मिक स्वरूप को समझने की ओर अग्रसर होता है। इस अवसर पर संत निरंकारी मिशन की उदयपुर शाखा के मुखी जीत सिंह ने भीलवाड़ा एवं आस-पास के क्षेत्रों से पधारे हुए संतों का आभार व्यक्त किया एवं उदयपुर की समस्त साध संगत की ओर से आदरणीय एच.एस. चावला का स्वागत व आभार प्रकट किया।




